व्यापार आरंभ मुहूर्त 2026
शुभ तिथियाँ — New Delhi
| तिथि/दिनांक | मुहूर्त समय | तिथि | नक्षत्र | वर्जित (राहु काल) |
|---|---|---|---|---|
| 30 Oct 2026 शुक्रवार | 30 Oct 06:31 AM → 30 Oct 09:04 AM 02:33 घंटे | कृष्ण पंचमी | मृगशिरा | 10:41 AM – 12:04 PM |
| 04 Nov 2026 बुधवार | 05 Nov 03:30 AM → 05 Nov 06:35 AM 03:05 घंटे | कृष्ण एकादशी | उत्तरा फाल्गुनी | 12:04 PM – 01:26 PM |
| 05 Nov 2026 गुरुवार | 05 Nov 06:35 AM → 05 Nov 10:35 AM 03:59 घंटे व्यतीपात/वैधृति योग — बाद का भाग श्रेष्ठ | कृष्ण एकादशी | उत्तरा फाल्गुनी | 01:26 PM – 02:48 PM |
| 11 Nov 2026 बुधवार | 11 Nov 06:40 AM → 11 Nov 11:38 AM 04:58 घंटे | शुक्ल द्वितीया | अनुराधा | 12:05 PM – 01:26 PM |
| 16 Nov 2026 सोमवार | 16 Nov 06:44 AM → 17 Nov 04:19 AM 21:35 घंटे | शुक्ल सप्तमी | श्रवण, धनिष्ठा | 08:04 AM – 09:25 AM |
| 20 Nov 2026 शुक्रवार | 20 Nov 07:15 AM → 21 Nov 06:31 AM 23:15 घंटे | शुक्ल एकादशी | उत्तरा भाद्रपद | 10:46 AM – 12:06 PM |
| 25 Nov 2026 बुधवार | 25 Nov 04:50 PM → 26 Nov 06:52 AM 14:01 घंटे | कृष्ण द्वितीया | रोहिणी, मृगशिरा | 12:07 PM – 01:27 PM |
| 26 Nov 2026 गुरुवार | 26 Nov 06:52 AM → 26 Nov 05:47 PM 10:55 घंटे | कृष्ण द्वितीया, कृष्ण तृतीया | मृगशिरा | 01:27 PM – 02:46 PM |
| 02 Dec 2026 बुधवार | 02 Dec 10:52 PM → 03 Dec 06:57 AM 08:05 घंटे | कृष्ण दशमी | उत्तरा फाल्गुनी | 12:10 PM – 01:28 PM |
| 03 Dec 2026 गुरुवार | 03 Dec 06:57 AM → 04 Dec 06:58 AM 00:00 घंटे | कृष्ण दशमी, कृष्ण एकादशी | उत्तरा फाल्गुनी, हस्त | 01:29 PM – 02:47 PM |
| 04 Dec 2026 शुक्रवार | 04 Dec 06:58 AM → 04 Dec 11:45 PM 16:46 घंटे | कृष्ण एकादशी | हस्त, चित्रा | 10:53 AM – 12:11 PM |
| 11 Dec 2026 शुक्रवार | 12 Dec 03:04 AM → 12 Dec 07:04 AM 03:59 घंटे | शुक्ल तृतीया | उत्तराषाढ़ा | 10:56 AM – 12:14 PM |
| 14 Dec 2026 सोमवार | 14 Dec 07:05 AM → 14 Dec 07:16 PM 12:10 घंटे | शुक्ल पंचमी | श्रवण, धनिष्ठा | 08:23 AM – 09:40 AM |
ये तिथियाँ कैसे निकाली जाती हैं
Auspicious dates for Business Opening are selected from favourable nakshatras, tithis and weekdays, avoiding Kharmas, Chaturmas and combust Jupiter/Venus where applicable.
शुभ नक्षत्र: अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती.
महत्वपूर्ण संस्कारों के लिए दोनों कुंडलियों को देखकर ज्योतिषी से अंतिम मुहूर्त की पुष्टि करें।